
उदयपुर पुलिस और नगर निगम प्रशासन भले ही शहर के विभिन्न इलाकों में अतिक्रमण हटाने का दावा कर रहे हों, लेकिन सूरजपोल क्षेत्र में प्रशासनिक मॉनिटरिंग की गंभीर लापरवाही सामने आ रही है। सूरजपोल चौराहे से गुलाबबाग की ओर मुख्य सड़क के समानांतर स्थित एक पूरी सार्वजनिक सड़क पर शहर के दो नामचीन मिठाई व्यापारियों ने पूरी तरह से अवैध कब्जा कर लिया है। भौगोलिक दृष्टि से यह सड़क ठीक उसी प्रकार की है जैसी बापू बाजार की ओर मछली मार्केट वाली गली है। जहां मछली मार्केट का मार्ग आमजन के लिए हमेशा सुगम और सुचारू रहता है, वहीं इस मार्ग पर मिठाई की दुकानों का पिछवाड़ा होने और आम लोगों की आवाजाही कम रहने का फायदा उठाकर व्यापारियों ने इसे पूरी तरह अपने उपयोग में ले लिया है। स्थानीय लोगों के अनुसार यह कब्जा अनजाने में नहीं, बल्कि आदतन किया गया है। अतीत में इनमें से एक व्यापारी ने तो हद पार करते हुए सार्वजनिक सड़क पर ही अवैध ट्यूबवेल खोद दिया था। उस समय मामला उजागर होने पर नगर निगम ने कार्रवाई भी की थी, लेकिन मॉनिटरिंग के अभाव में व्यापारियों ने दोबारा पूरी सड़क पर कब्जा जमा लिया है। प्रशासनिक भेदभाव पर सवाल उठाते हुए शहरवासी कह रहे हैं कि यदि कोई छोटा या सामान्य दुकानदार फुटपाथ पर थोड़ा सा सामान रख दे, तो नगर निगम का पूरा अमला तुरंत कार्रवाई करने पहुंच जाता है। लेकिन इन रसूखदार मिठाई व्यापारियों के आगे जिम्मेदार मौन साधे हुए हैं। मंगलवार को भी नगर निगम की ओर से राड़ाजी चौराहे पर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की गई, लेकिन सूरजपोल की यह पूरी सड़क अधिकारियों की नजरों से ओझल ही रही। यदि इतना बड़ा कमर्शियल स्पेस व्यापारियों को बाजार में किराए पर लेना पड़े, तो उन्हें भारी कीमत चुकानी पड़े, लेकिन सरकारी सड़क फ्री में मिलने से प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
04 Nov 2026