
बांसवाडा जिले के गढ़ी रेंज में पैंथर के मुवमेंट ने पिछले कई दिनों से दहशत पैदा कर रखी थी। इस पैंथर ने एक दिन पहले ही एक बछड़े को अपना शिकार बनाया था। घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग सक्रिय हुआ और बछड़े के शव का पोस्टमार्टम कराया गया, जिसमें आधिकारिक रूप से पैंथर के हमले की पुष्टि हुई। इसके बाद रेंजर प्रवीण अहरी के नेतृत्व में विभाग की टीम ने एक विशेष योजना बनाई। विभाग ने पहले बछड़े के अवशेषों को उसी स्थान पर रखा ताकि पैंथर के मूवमेंट का पता लगाया जा सके। जैसे ही यह स्पष्ट हुआ कि पैंथर वापस लौट रहा है, टीम ने पिंजरा लगाया और उसमें एक जीवित बकरी को चारे के रूप में रखा गया। पैंथर जैसे ही बकरी पर झपट्टा मारने पिंजरे में घुसा तो वो उसी में कैद हो गया। इस ऑपरेशन में रेंजर प्रवीण अहरी के साथ यामिनी वैष्णव, बीना कटारा, रामिला खांट, नरेश पाटीदार, महेंद्र पाल सिंह चौहान, दिलीपराज सिंह, विष्णु सिंह, चंद्रपाल सिंह और महेंद्र सिंह की टीम का विशेष योगदान रहा। रेस्क्यू के बाद पैंथर को मेडिकल परीक्षण के लिए भेजा गया है, जहां स्वास्थ्य जांच के बाद उसे आबादी क्षेत्र से दूर घने जंगलों में छोड़ दिया जाएगा। आपको बता दे कि वन विभाग की टीम ने एक महिने दुसरे ऑपरेशन का अंजाम दिया है।

13 Jun 2026