
उदयपुर के गोगुंदा थाना अंतर्गत कुण्डाउ गांव में रहने वाले तुलसीराम गमेती के अचानक गायब होने से उनका परिवार गहरे सदमे में है। लापता तुलसीराम की पत्नी कमला बाई ने ग्रामीणों के साथ मिलकर उदयपुर जिला कलेक्ट्रेट पहूंची और पुलिस प्रशासन को अपनी पीड़ा सुनाई। घटना 15 फरवरी की शाम करीब सात बजे की है। पीड़ित परिवार का आरोप है कि बगडून्दा निवासी वेणी सिंह उनके घर पहुंचा और तुलसीराम को अपने साथ ले जाने की जिद करने लगा। शाम का वक्त होने के कारण कमला बाई और उनकी सास ने तुलसीराम को भेजने से साफ मना किया था, लेकिन वेणी सिंह जबरन तुलसीराम को एक पिकअप वाहन में बैठाकर अपने साथ ले गया। उस शाम के बाद से तुलसीराम वापस घर नहीं लौटे। परिजनों ने बताया कि उन्होंने अपने स्तर पर हर जगह तलाश की और जब आरोपी वेणी सिंह से पूछताछ की, तो वह लगातार बयान बदलता रहा और टालमटोल करता रहा। थक-हारकर परिवार गोगुंदा थाने पहुंचा, परिजनों का आरोप है कि वहां पुलिस ने मामले की गंभीरता को समझने के बजाय केवल गुमशुदगी दर्ज कराने की बात कही।घटना को 21 दिन बीत चुके हैं, लेकिन तुलसीराम का कोई सुराग नहीं लगा है। पीड़ित परिवार ने एसपी को ज्ञापन सौंपकर सवाल किया है कि आखिर पुलिस अब तक ठोस कार्रवाई क्यों नहीं कर रही? उन्होंने मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर वेणी सिंह के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और तुलसीराम को जल्द से जल्द सुरक्षित लाया जाये। वही इस दौरान कांग्रेस के युथ कांग्रेस के कार्यकारी जिलाध्यक्ष बालू भील ने भी पुलिस कार्यवाही को लेकर गंभीर आरोप लगाये है। उन्होने कहां कि पुलिस में नामजद रिपोर्ट दर्ज कराने के बाद भी अभी तक पुलिस कोई ठोस कार्रवाही नही कर पायी है।
01 May 2026