
देश में कमर्शियल गैस सिलेंडर की आपूर्ति पर लगी रोक और बढ़ती कीमतों को लेकर राजनीतिक माहौल गर्म हो गया है। इस मुद्दे पर एक ओर संसद में हंगामा देखने को मिला, वहीं दूसरी ओर राजस्थान के उदयपुर में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन किया। गुरुवार को लोकसभा की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्षी सांसदों ने सिलेंडर संकट के मुद्दे पर नारेबाजी शुरू कर दी। स्थिति को देखते हुए स्पीकर ओम बिरला ने सांसदों से शांति बनाए रखने की अपील की, लेकिन हंगामा जारी रहने पर कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक स्थगित करनी पड़ी। इससे पहले स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ विपक्ष द्वारा लाया गया अविश्वास प्रस्ताव बुधवार को खारिज हो चुका था, जिसके बाद गुरुवार को वे दोबारा सदन की अध्यक्षता करने के लिए कुर्सी पर लौटे। संसद परिसर में भी विपक्षी सांसदों ने प्रदर्शन किया और ‘नरेंदर भी गायब, सिलेंडर भी गायब’ के नारे लगाए। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि प्रधानमंत्री देश से कह रहे हैं कि घबराने की जरूरत नहीं है, लेकिन वह खुद घबराए हुए दिखाई दे रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री की कुर्सी सदन में खाली दिखाई दी। इधर उदयपुर में शहर जिला कांग्रेस कमेटी उदयपुर के नेतृत्व में जिला कलेक्ट्रेट के बाहर प्रदर्शन किया गया। कांग्रेस के जिलाध्यक्ष फतह सिंह राठौड़ ने कहा कि अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी और प्रदेश कांग्रेस कमेटी के निर्देश पर यह प्रदर्शन किया जा रहा है और राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन दिया गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि गैस की बढ़ती कीमतों और सिलेंडर संकट के लिए केंद्र और राज्य की भाजपा सरकार जिम्मेदार है। साथ ही यह भी कहा कि वर्तमान अंतरराष्ट्रीय हालात और मध्य एशिया में चल रहे युद्ध के कारण हालात और गंभीर हो गए हैं। कांग्रेस ने मांग की है कि गैस की बढ़ती कीमतों पर तुरंत रोक लगाई जाए और विदेशों में फंसे भारतीय नागरिकों को जल्द वापस लाया जाए।
01 May 2026