
उदयपुर जिले में लेपर्ड की लगातार गतिविधियों से दहशत का माहौल बना हुआ था, लेकिन अब दो अलग-अलग स्थानों पर पिंजरों में लेपर्ड के कैद होने से ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है। पहली घटना मावली क्षेत्र के मांगथला गांव की है, जहां गुरुवार सुबह एक लेपर्ड वन विभाग द्वारा लगाए गए पिंजरे में फंस गया। पिछले कई दिनों से गांव के आसपास लेपर्ड का मूवमेंट देखा जा रहा था, जिससे ग्रामीणों में भय बना हुआ था। ग्रामीणों ने इसकी सूचना घासा वनपाल नाका के महिपाल सिंह को दी थी। इसके बाद वन विभाग ने बुधवार दोपहर में ही पिंजरा लगवा दिया था, जिसमें आज सुबह लेपर्ड फंस गया। घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। दूसरी घटना गोगुंदा क्षेत्र के सायरा इलाके के करदा गांव बाईपास के पास की है, जहां एक और लेपर्ड पिंजरे में कैद हुआ। राहगीरों को लेपर्ड के गुर्राने की आवाज सुनाई दी, जिसके बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। इस दौरान भाजपा मंडल उपाध्यक्ष कमलेश पालीवाल सहित शंभू सिंह, हिम्मत सिंह, रतन सिंह, ललित टेलर, डालू सिंह, भूपेंद्र सिंह और लक्ष्मी नारायण भी मौके पर पहुंचे। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम, जिसमें भरत मेघवाल और प्रताप सिंह सहित अन्य कार्मिक शामिल थे, मौके पर पहुंची और दोनों लेपर्ड को पिंजरे सहित अपने साथ ले गई। वन विभाग ने बताया कि क्षेत्र में लगातार मूवमेंट की सूचना के बाद दो दिन पहले ही पिंजरे लगाए गए थे।
01 May 2026