
राजस्थानभर में जारी निजी बस ऑपरेटर्स की हड़ताल का असर उदयपुर में भी साफ दिखाई दे रहा है। तीसरे दिन उदयपोल चौराहे पर उदयपुर ट्रेवल्स एसोसिएशन, उदयपुर टूरिस्ट बस एसोसिएशन, बॉडी बिल्डर एसोसिएशन और कॉन्ट्रैक्ट कैरिज से जुड़े ऑपरेटर्स ने विरोध प्रदर्शन कर परिवहन विभाग के खिलाफ नारेबाजी की। पूर्व उपमहापौर पारस सिंघवी ने कहा कि पिछले चार महीनों से निजी बस ऑपरेटर्स को लगातार परेशान किया जा रहा है, जिसके विरोध में यह प्रदेशव्यापी हड़ताल की जा रही है। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के नाम जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा गया है। उनका आरोप है कि अधिकारी पक्षपातपूर्ण रवैया अपनाकर सरकार को गुमराह कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि ऑपरेटर्स टैक्स कम करने की नहीं, बल्कि स्पष्ट और न्यायसंगत टैक्स नीति की मांग कर रहे हैं। केंद्र द्वारा जारी आईआईटी परमिट और 60 दिन में होम स्टेट में बस ले जाने के प्रावधान पर भी सवाल उठाए गए। उनका कहना है कि बस बॉडी बिल्डर विभाग से लाइसेंस लेकर निर्माण करते हैं, फिर रजिस्ट्रेशन, फिटनेस और परमिट भी विभाग ही जारी करता है, लेकिन बाद में भारी चालान बनाकर बसों को अवैध बताया जा रहा है। आंदोलनकारियों ने चेतावनी दी कि मांगें नहीं मानी गईं तो टायर विक्रेताओं और ऑटोमोबाइल सेक्टर को भी आंदोलन से जोड़ा जाएगा। हालांकि होली को देखते हुए रोडवेज बसों को बाधित नहीं किया गया है। इस बीच हड़ताल से यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
09 Sept 2026