
राजसमंद जिला पुलिस अधीक्षक हेमंत कलाल के निर्देश पर साइबर क्राइम थाना पुलिस ने तकनीकी जांच के आधार पर सेक्सटॉर्शन ब्लैकमेलिंग के मामले में बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। पुलिस टीम ने अलवर से दो शातिर आरोपियों माहिर आजाद और मनीष खान को गिरफ्तार किया है। दोनों पर रेलमगरा क्षेत्र के एक व्यापारी से 12 लाख 14 हजार रुपये की ठगी करने का आरोप है। जानकारी के मुताबिक पीड़ित व्यापारी के मोबाइल पर एक अनजान नंबर से वीडियो कॉल आई। कॉल रिसीव करते ही स्क्रीन पर एक नग्न महिला दिखाई दी। इसी दौरान आरोपियों ने वीडियो रिकॉर्ड कर उसे एडिट कर लिया। इसके बाद शुरू हुआ ब्लैकमेलिंग का खेल। आरोपी कभी खुद को पुलिस अधिकारी बताते रहे और कभी यूट्यूबर बनकर सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल करने की धमकी देते रहे। बदनामी के डर से व्यापारी ने अलग-अलग किस्तों में आरोपियों को करीब 12 लाख 14 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए। इसके बावजूद आरोपियों की पैसों की मांग लगातार जारी रही। आखिरकार परेशान होकर पीड़ित ने साइबर थाने में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत मिलने के बाद साइबर थाना पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और डिजिटल ट्रेल के आधार पर आरोपियों की पहचान की। इसके बाद टीम ने अलवर पहुंचकर दोनों को गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल दोनों आरोपी पुलिस रिमांड पर हैं और उनसे पूछताछ की जा रही है। पुलिस को उम्मीद है कि पूछताछ में इस गिरोह से जुड़ी कई अन्य वारदातों का भी खुलासा हो सकता है। राजसमंद पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान नंबर से आने वाली वीडियो कॉल रिसीव करने से बचें। यदि कोई व्यक्ति अश्लील वीडियो या फोटो के नाम पर ब्लैकमेल करता है, तो घबराकर पैसे न दें और तुरंत साइबर हेल्पलाइन या नजदीकी साइबर पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराएं।