
उदयपुर के अंबामाता थाने में न्याय की आस लेकर पहुँचे एक आम नागरिक को पुलिसिया बर्बरता का सामना करना पड़ा। घटना मंगलवार दोपहर की है, जब विवेक तेली नाम का युवक अपनी गाय चोरी होने की रिपोर्ट दर्ज कराने थाने पहुँचा था। लेकिन पुलिसकर्मियों ने उसकी मदद करने के बजाय उसके साथ अपराधी जैसा व्यवहार शुरू कर दिया। आरोप है कि ड्यूटी पर तैनात कांस्टेबल सुरेश बिश्नोई ने विवेक के साथ बदसलूकी की और विरोध करने पर उसे पीटते हुए हवालात में बंद कर दिया। हद तो तब हो गई जब पीड़ित ने मंदिर जाने का समय होने का हवाला देते हुए छोड़ने की गुहार लगाई। विवेक के अनुसार, जब उसने भगवान श्रीकृष्ण के प्रति अपनी आस्था की बात कही, तो कांस्टेबल ने मर्यादा की तमाम सीमाएं लांघते हुए भगवान के खिलाफ भी अपमानजनक टिप्पणियां कीं। पुलिस ने उल्टा पीड़ित को ही शांति भंग करने के आरोप में घंटों थाने में बिठाए रखा। शाम को जब विवेक बाहर आया और उसने आपबीती अपने समाज और स्थानीय जनप्रतिनिधियों को सुनाई, तो लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। बड़ी संख्या में लोग थाने पहुँचे और पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। मामले की गंभीरता और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुँचाने के आरोपों को देखते हुए उदयपुर एसपी योगेश गोयल ने तुरंत दखल दिया। एसपी ने प्रारंभिक जांच के आधार पर कांस्टेबल सुरेश बिश्नोई को लाइन हाजिर करने के आदेश जारी किए। हालांकि, इस पूरे घटनाक्रम में थानाधिकारी मुकेश सोनी की चुप्पी पर भी सवाल उठ रहे हैं। फिलहाल, स्थानीय लोग आरोपी कांस्टेबल के खिलाफ सख्त विभागीय जांच और निलंबन की मांग पर अड़े हुए हैं।

17 Jan 2026